प्रेम

प्रतियोगिता :-
वैलेंटाइन डे लेखन प्रतियोगिता 2026*

विषय:- प्रेम… एक अनंत एहसास

प्रेम में दीवाने सभी हो जाते हैं,
अपनी कही हुई बातों से अंजाने हो जाते हैं।
भूलों को अक्सर छुपाते हैं,
और वहीं प्रेम के अफ़साने हो जाते हैं…

कुछ के लिए प्रेम महज़ एक खेल है,
काम निकल जाए तो बस मेल है।
हँसकर कह देते हैं फिर यूँ ही—
“अरे, कहाँ हमारा कोई मेल है!”…

पर प्रेम तो एक पावन एहसास है,
दिल में जैसे जीवन का वास है।
सुर और ताल का मधुर संगम,
मिल जाए मोहब्बत तो जीवन बन जाए सरगम है….

ज़रूरी नहीं प्रेम बस नारी-नर में हो,
प्रेम तो धरती के हर कण में हो।
मिट्टी की सौंधी खुशबू में उसका स्पर्श हो
हर जीव की मुस्कान में उसका गहरा एहसास हो.….

फूलों का खुशबू से जो नाता है,
बिजली का तारों से जो रिश्ता है,
प्रकृति का हर रंग यही गाता है—
प्रेम ही सृष्टि का सच्चा दोस्त कहलाता है…

प्रेम है भगवान की भक्ति में,
प्रेम है सच्ची यारी और दोस्ती में।
प्रेम है माता-पिता के स्नेह में,
प्रेम है दिल और प्राण के नेह में…
©® Malwinder Kaur✍️

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